रूड़की। संस्कार साधना और आत्मशुद्धि का महापर्व है दशलक्षण। दशलक्षण पर्यूषण पर्व केवल धार्मिक अनुष्ठान नहीं बल्कि यह जीवन जीने की कला सिखाने वाला उत्सव है। उक्त विचार उत्तराखंड जैन धर्म सभा के प्रदेश अध्यक्ष नरेन्द्र कुमार जैन ने व्यक्त किए।
जैन समाज के तत्वावधान में मौहल्ला कानून गोयान और आदर्शनगर स्थित जैन मंदिरों में गत चार दिन से चल रहे जैन समाज के दस दिवसीय दशलक्षण पर्यूषण महापर्व के छठवें दिन मंगलवार को उत्तम संयम धर्म पर्व की सैकड़ों श्रद्धालुओं ने भक्ति भाव से तीर्थंकर भगवंतों की सोत्साह धर्माराधना की। इस दौरान अपराह्न जैन धर्मावलंबियों ने सुगंध दशमी पर्व भी मनाया। व्रत कथा वाचन एवं धूप क्षेपण कार्यक्रम भी हुआ।
नमो फाउंडेशन उत्तराखंड के प्रदेश अध्यक्ष नरेन्द्र कुमार जैन ने बताया कि पर्व के दौरान जैन मंदिरों में प्रतिदिन जिनेंद्र कलशाभिषेक, नित्य नियम नैमित्तिक पूजन विधान, शास्त्र सभा एवं सारगर्भित धार्मिक व सांस्कृतिक कार्यक्रम भी प्रभावना पूर्वक आयोजित हो रहे हैं। इसी क्रम में मंत्री अवनीश कुमार जैन ने कहा कि आगामी 2 सितंबर मंगलवार को सुगंध दशमी और 6 सितंबर दिन शनिवार को अनंत चतुर्दशी एवं जलकलश यात्रा जैसे विशेष परंपरागत कार्यक्रम होंगे।

धार्मिक आयोजन के दौरान विनय जैन शास्त्री मथुरा, प्रधान अनिल कुमार जैन, कोषाध्यक्ष सुभाष चन्द्र जैन, वरिष्ठ भाजपा नेता नरेन्द्र कुमार जैन, पूर्व प्रधान साधूराम, पूर्व विधायक सुरेश चंद्र जैन,अतुल जैन, मनोज कुमार जैन, प्रद्युम्न कुमार जैन, निश्चय जैन, मुकेश कुमार जैन, सुगंध जैन, रानी जैन, निधि जैन, अरिंजय जैन, सुनील जैन, सुधीर जैन, निपुण जैन, उदय जैन, स्मृति जैन, अजय जैन, विरेंद्र जैन, डॉ राजेश जैन, रजनी जैन, सविता, कविता, शुभांगी, अनिता जैन आदि ने अपनी सहभागिता दी।
