किसान-मजदूरों की आवाज बनी दरियापुर दयालपुर की बैठक, विधायक फुरकान अहमद को सौंपा ज्ञापन
सिंचाई के लिए 100 प्रतिशत मुफ्त बिजली-पानी और स्थानीय युवाओं को 70 प्रतिशत रोजगार की मांग, विधायक ने विधानसभा में मुद्दे उठाने का दिया आश्वासन


रुड़की। किसान मजदूर संगठन सोसायटी (रजि.) के नेतृत्व में पिरान कलियर विधानसभा क्षेत्र के ग्राम दरियापुर दयालपुर में किसानों, मजदूरों और स्थानीय युवाओं की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में क्षेत्र की विभिन्न समस्याओं और किसान-मजदूरों एवं युवाओं से जुड़ी मांगों पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में भारी संख्या में ग्रामीण, किसान और मजदूर मौजूद रहे।
बैठक के दौरान क्षेत्रीय विधायक फुरकान अहमद एवं ग्राम प्रधान दरियापुर दयालपुर भी पहुंचे। संगठन के पदाधिकारियों और ग्रामीणों की ओर से विधायक को मांगों से संबंधित विस्तृत ज्ञापन सौंपा गया। संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष एडवोकेट महक सिंह सैनी के नेतृत्व में सौंपे गए ज्ञापन में किसानों और युवाओं से जुड़े विभिन्न महत्वपूर्ण मुद्दों को प्रमुखता से उठाया गया।
संगठन ने बताया कि इससे पूर्व 5 जून 2026 को उत्तराखंड सरकार के मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपकर किसानों और मजदूरों की समस्याओं एवं मांगों से अवगत कराया जा चुका है। अब संगठन द्वारा सत्ता पक्ष एवं विपक्ष के जनप्रतिनिधियों को क्रमवार ज्ञापन सौंपकर इन मांगों को सरकार तक पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है।
सिंचाई के लिए मुफ्त बिजली-पानी की मांग
ज्ञापन में मांग की गई कि उत्तराखंड को ऊर्जा प्रदेश होने के कारण राज्य के किसानों को नहरों, सरकारी एवं निजी नलकूपों से सिंचाई के लिए 100 प्रतिशत मुफ्त बिजली और पानी उपलब्ध कराया जाए। संगठन का कहना है कि किसानों को महंगे सिंचाई बिल और वाटर सेस से राहत मिलनी चाहिए तथा अन्य राज्यों की तर्ज पर उत्तराखंड के किसानों के हित में प्रभावी व्यवस्था लागू की जानी चाहिए।
स्थानीय युवाओं को 70 प्रतिशत रोजगार की मांग
संगठन ने राज्य के सिडकुल सहित सभी सरकारी, अर्ध-सरकारी और निजी उद्योगों में उत्तराखंड के स्थानीय मूल निवासी युवाओं को न्यूनतम 70 प्रतिशत रोजगार देने के नियम को कड़ाई से लागू करने की मांग की। संगठन का कहना है कि राज्य में स्थापित उद्योगों में स्थानीय युवाओं को रोजगार का पर्याप्त अवसर मिलना चाहिए, जिससे पलायन पर भी रोक लग सके और युवाओं को अपने ही क्षेत्र में रोजगार मिल सके।
विधायक ने दिया मांगें सदन में उठाने का आश्वासन
बैठक में विधायक फुरकान अहमद ने संगठन और ग्रामीणों की मांगों को किसानहित, युवाहित और जनहित से जुड़ा बताते हुए उन्हें जायज बताया। उन्होंने कहा कि किसान और युवा प्रदेश की नींव हैं। उन्होंने आश्वासन दिया कि आगामी विधानसभा सत्र में संगठन द्वारा उठाई गई मांगों को सदन के पटल पर मजबूती से उठाया जाएगा और क्षेत्रवासियों को उनका हक दिलाने के लिए हरसंभव प्रयास किया जाएगा।
पहले भी कई मुद्दों का कराया जा चुका समाधान
किसान मजदूर संगठन के पदाधिकारियों ने बताया कि संगठन द्वारा पूर्व में किसानों और मजदूरों की कई प्रमुख समस्याओं को उठाकर उनका समाधान कराया जा चुका है। इनमें घर-घर गन्ना पर्ची पहुंचाने, चीनी मिलों का डाटा पूरी तरह ऑनलाइन कराने, खराब पड़े सरकारी नलकूपों को समयबद्ध तरीके से चालू कराने तथा उत्तर प्रदेश, हरियाणा और पंजाब जैसे बाहरी राज्यों से चीनी मिलों द्वारा अवैध तरीके से गन्ना खरीदने पर उत्तराखंड में रोक लगाने जैसे मुद्दे शामिल हैं।
संगठन का कहना है कि वर्तमान मांगों का समाधान सरकार के स्तर से होना है, इसलिए संगठन सत्ता पक्ष और विपक्ष के सभी जनप्रतिनिधियों को ज्ञापन सौंपकर किसानों, मजदूरों और युवाओं की आवाज को सरकार तक पहुंचाने का अभियान चला रहा है।
संगठन से जुड़ रहे किसान और मजदूर
दरियापुर दयालपुर में आयोजित बैठक में बड़ी संख्या में किसानों और मजदूरों की मौजूदगी रही। संगठन के पदाधिकारियों ने बताया कि उनकी मुहिम और किसानों-मजदूरों से जुड़े मुद्दों से प्रभावित होकर क्षेत्र के बड़ी संख्या में लोग लगातार संगठन की सदस्यता ग्रहण कर रहे हैं। संगठन के बढ़ते जनाधार के चलते किसान-मजदूरों की मांगें क्षेत्र में चर्चा का विषय बनी हुई हैं।
इस अवसर पर राष्ट्रीय महासचिव चौधरी राजेंद्र कुमार, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सेठपाल सिंह, राष्ट्रीय सचिव ब्रह्म सिंह धीमान, राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष वेदपाल सैनी, कलियर विधानसभा अध्यक्ष मोहम्मद इसरार, खानपुर विधानसभा अध्यक्ष मुनेश पाल, महानगर रुड़की अध्यक्ष सतीश चंद्र फौजी, नगर महामंत्री नाथी राम सैनी, केंद्रीय कार्यालय प्रभारी सत्येंद्र सैनी, राष्ट्रीय रक्तदान प्रभारी योगेंद्र सैनी, वरिष्ठ कार्यकर्ता सुरेश धीमान, लक्ष्मीचंद, रविंद्र कुमार, राष्ट्रीय प्रभारी संगठन नवीन मारिया, राष्ट्रीय प्रवक्ता अरुण कुमार सैनी, नगर संरक्षक गोपाल सैनी एवं गजेंद्र सिंह सैनी सहित सैकड़ों ग्रामीण और कार्यकर्ता मौजूद रहे।